... निकाय चुनाव : नगर पंचायत में अध्यक्ष की सीट OBC ..? तैयारी शुरु...किन चेहरों पर लगेगा दांव..?

Recents in Beach


निकाय चुनाव : नगर पंचायत में अध्यक्ष की सीट OBC ..? तैयारी शुरु...किन चेहरों पर लगेगा दांव..?



जशपुर,टीम पत्रवार्ता,16 सितंबर 2019

प्रदेश में निकाय चुनाव की तैयारी शुरु हो गई है।वहीं नगर पंचायतों में अध्यक्ष व अन्य पदों के लिए आरक्षित सीटों का निर्धारण आगामी 18 सितंबर को कम्प्यूटर लॉटरी ड्रा के द्वारा किया जाना है।

जशपुर जिले के सबसे चर्चित नगर पंचायत बग़ीचा में इन दिनों निकाय चुनाव की सरगर्मी शुरु हो गई है।नगर पंचायत गठन के बाद से ही नगर पंचायत अध्यक्ष की आदिवासी सीट रही है।

इस बार कयास लगाया जा रहा है कि नगर पंचायत बगीचा की सीट ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित हो सकती है।जिसको लेकर प्रारंभिक रुझान भी आने शुरु हो गए हैं।वहीं वर्तमान नगर पंचायत उपाध्यक्ष प्रमोद गुप्ता द्वारा इसकी तैयारी शुरु कर दी गई है।

आपको बता दें कि प्रमोद गुप्ता ओबीसी वर्ग से हैं और कांग्रेस के कद्दावर नेता हैं।यदि ओबीसी सीट हुई तो कांग्रेस से उनका टिकट पक्का माना जा रहा है।

वहीं बीजेपी से नगर पंचायत अध्यक्ष की ओबीसी सीट के लिए बीजेपी के कद्दावर नेता शंकर गुप्ता का नाम चर्चा में है।

इस बार मुकाबला बेहद दिलचस्प माना जा रहा है।यदि ओबीसी सीट हुई तो इन नेताओं के बीच मुकाबला देखने को मिलेगा वहीं आदिवासी सीट हुई तो बीजेपी का चर्चित चेहरा सविता प्रभात सिदाम हो सकता है।वहीं कांग्रेस की ओर से वर्तमान अध्यक्ष ललित कोरवा के अलावा फिलहाल कोई नाम चर्चा में नहीं है।

माना जा रहा है कि आदिवासी सीट में बीजेपी को कम मेहनत करनी पड़ेगी वहीं ओबीसी सीट होने पर कांटे की टक्कर होगी।

देखिए वीडियो जिसमें प्रमोद गुप्ता वार्डवासियों के बीच उन्हीं के अंदाज में रम गए हैं।


एक ओर कांग्रेसी नेता प्रमोद गुप्ता हर किसी के समस्या के समाधान के लिए 24 घंटे तत्पर रहने वाले व्यक्तित्व के हैं जिनकी प्रदेश की सियासत में अच्छी पकड़ वहीं बस स्टैंड में छोटे व्यापारियों की नाराजगी उन्हें भारी पड़ सकती है।

दूसरी ओर बीजेपी नेता शंकर गुप्ता शांत, सरल व सहज व्यक्तित्व के हैं।जो समाजसेवा व रचनात्मक कार्यों में हमेशा आगे रहते हैं।यहां बीजेपी की गुटबाजी व भीतरघात इनके लिए बड़ी समस्या बन सकती है।

दोनों राजनैतिक पार्टियों के अलावा अन्य उम्मीदवारों ने भी जनसम्पर्क तेज कर दिया है।फिलहाल देखना होगा कि प्रदेश स्तर पर निकाय में अध्यक्ष की सीट किसके पाले में आती है।


Post a Comment

0 Comments